ترانه و شعر با صدای Taaruk Raina
करे बस तेरी बातें, साथ जगे सारी रातें क्या मेरी बातों को भी थोड़ी जगह देगी या रख लूँ छुपा कर? देखें तुझे मेरी आँखें जैसे रूह से ही नातें (नातें) वैसे देखा है क्या तूने बता कभी या तेरी हूँ आदत?
कैसे बनूँ तेरी जाँ मुझको बता, मुझको बता? कैसे बनूँ तेरी जाँ मुझको बता? कैसे बनूँ तेरी जाँ मुझको बता, मुझको बता? कैसे बनूँ तेरी जाँ?
कैसे बनूँ मैं? कैसे बनूँ मैं?
कैसे करूँ मैं जो तू करे? कैसे बनूँ मैं, एक इशारा तो दे
तू चाहे तो, हाय, कैसे बिन बताए मुझे तू उड़ाए, कभी तू गिराए? जैसे चाँद है तू, मैं तेरी परछाई खो ना जाऊँ कहीं तुझको गँवा के
कैसे बनूँ तेरी जाँ मुझको बता, मुझको बता? कैसे बनूँ तेरी जाँ?
कैसे बनूँ मैं? कैसे बनूँ मैं? कैसे बनूँ मैं?
सुन, रख के सर मुझ पर कभी तो सोया कर तू पास है तो कम लगे डर तू साथ दे तो बाँट लूँगा पर हवाएँ सजा के
कैसे बनूँ तेरी जाँ मुझको बता, मुझको बता? (जैसे तू है मेरी) कैसे बनूँ तेरी जाँ मुझको बता? (जैसे तू है मेरी) कैसे बनूँ तेरी जाँ मुझको बता, मुझको बता? (जैसे तू है मेरी) कैसे बनूँ तेरी जाँ?
कैसे बनूँ मैं?